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    Homeदिल्लीफिर सुर्ख़ियों में आयी कांग्रेस नेत्री अलका लांबा, जानिये वजह

    फिर सुर्ख़ियों में आयी कांग्रेस नेत्री अलका लांबा, जानिये वजह

    रूपनगर/लुधियाना। कांग्रेस नेत्री अलका लांबा एक बार फिर सुर्खियाें में है। कभी केजरीवाल की करीबी रही अलका अब उनके खिलाफ दिए बयान काे लेकर विवादाें में आ गई है। दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल पर टिप्पणी के मामले में कांग्रेस नेत्री अलका लांबा बुधवार को रुपनगर सदर थाने में एसआइटी के समक्ष प्रस्तुत होंगी। इस दाैरान जमकर हंगामा हुआ।

    दिसंबर 2013 में कांग्रेस छाेड़ आम आदमी पार्टी का दामन थामने वाली अलका दिल्ली के चांदनी चाैक से विधायक रह चुकी हैं। वह ‘गो इंडिया फाउंडेशन’ नामक एनजीओ भी चला रही हैं। 2010 में रक्त दान अभियान के लिए 65,000 लोगों को रक्तदान किया। इस अभियान को बालीवुड के हस्तियों सलमान खान, रितेश देशमुख और दीया मिर्जा का भी खूब सर्मथन मिला था।

    2003 में पति से हुई थी अलग
    हालांकि आम आदमी पार्टी से तनातनी के बाद उन्हाेंने पार्टी छाेड़ फिर कांग्रेस का दामन थाम लिया था। अलका लांबा की शादी लोकेश कपूर से हुई थी मगर कुछ समय बाद ही दोनों अलग हो गए। उनके पति लोकेश ने उन पर 2003 में आरोप लगाया था कि अलका ने लोकेश का सुभाष नगर वाला मकान अवैध तरीके से हथिया कर अपना राजनीतिक दफ्तर बना लिया है।

    1994 में शुरू किया था राजनीतिक सफर
    अलका लांबा ने अपना राजनीतिक जीवन 1994 में शुरू किया था। 1994 में वह डीयू से बीएसएससी का कोर्स कर रही थीं तभी वह एनएसयूआइ की ओर से स्टेट गर्ल कन्वीनर का पद दिया गया और देखते ही देखते अलका एनएसयूआइ की राष्ट्रीय अध्यक्ष बन गईं।

    आप नेता ने राेपड़ थाने में दर्ज कराया था मामला
    रोपड़ थाना सदर में आम आदमी पार्टी नेता ने केस दर्ज कराया था कि वह समर्थकों के साथ लोगों की शिकायतें सुनने जा रहे थे। तब कुछ नकाबपोश लोगों ने घेरकर उन्हें खालिस्तानी कहा। आप नेता का दावा है कि यह सब तब शुरू हुआ, जब कुमार विश्वास और अलका लांबा ने केजरीवाल के अलगाववादियों से संबंध होने के आरोप लगाए।

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    ये हैं कुछ चर्चित विवाद

    • चांदनी चौक की विधायक रहने के दौरान अलका लांबा का विश्वास नगर से भाजपा विधायक ओपी शर्मा से झड़प का मामला काफा गरमाया था। यह विवाद दिल्ली विधानसभा में भी उठा था। दरअसल, दिल्ली की एक दुकान में तोड़फोड़ को लेकर भाजपा ने उन्हें आपत्तिजनक शब्द कहे थे। मामला 2015 का है। आरोप है कि 9 अगस्त को अलका ने भाजपा विधायक ओम प्रकाश शर्मा की दुकान में प्रवेश करके कैश बिल मशीन को फेंक दिया था।
    • अलका लांबा 8 साल पहले वर्ष 2012 में तब ज्यादा सुर्खियों में आई थीं, जब उन्होंने एक राज्य की दुष्कर्म पीड़िता लड़की का नाम सार्वजनिक कर दिया था।
    • अलका लांबा का दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल के साथ भी विवाद रहा था। इसको लेकर उनका AAP विधायक सौरभ भारद्वाज के ट्वीटर वार भी हुआ था। आखिरकार अलका लांबा ने 2019 में दिल्ली विधानसभा चुनाव से कुछ महीने पहले आम आदमी पार्टी को अलविदा कर दिया था।

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